Thursday, December 17, 2009

उम्मीद-ए- नज़र

4 comments:

sunil kaithwas said...

bhai pukaif kya najar hai..........

sunil kaithwas said...

bhai pukaif kya najar hai..........

Sandeep Singh said...

वाह भाई नि:संदेह तस्वीरों की पारखी नज़र। दूर तक जाती ये निगाहें देर तलक सोचने को मजबूर करती हैं....................

संजय भास्कर said...

lajwaab ........