Tuesday, January 13, 2009

महानायक की दरियादिली

अमिताभ बच्चन सदी के महानायक हैंउन्होंने हवाई जहाज में सैनिकों को खाना खिलाया थाइस पर पचास डालर खर्च किएऐसा इसलिए किया कि सैनिकों को जहाज में बिकने वाला खाना महंगा लगासदी के महानायक को देख कर लोग रुपये लुटते हैंगरीब लोग जो पांच डालर (ढाई सौ रुपये) का खाना नहीं खरीद सकते उन्होंने ही दिन भर कि कमाई `लावारिश' के लिए लुटा कर अमिताभ को बनाया हैख़ुद जहाज सर पर से गुजरते देखते हैं लेकिन उनको जहाज पर उड़ने लायक बनायापर अमिताभ कोJustify Full कम खर्ची सोचना अच्छा नहीं लगतावो सनिकों के लिए खाना माँगा देते हैंदरियादिली देखिये २५०० रूपये खट खर्च डालेखर्च तो कर ही डाले ब्लॉग पर लिख भी दिया ताकि दुनिया दरियादिली से वाकिफ हो जाए
प्रयाग कुम्भ या माघ मेले में रोज अन्न क्षेत्र चलते हैंअमिताभ ने बचपन में देखा होगाकभी इसमें खाया भी होगाकभी मन तेजी बच्चन के साथ गुरुद्वारा गए होंगे तो गुरु का प्रसाद जीमा होगासंतों के भंडारे में तो हर आने वाले को प्रसाद के साथ दक्षिणा भी दी जाती हैकहाँ से आता है सबयह किसी ब्लॉग पर नहीं मिलेगा
पर अमिताभ के पास ब्लॉग हैवह लिख सकते हैंलोग उसे पढ़ते हैंवह सदी के महानायक हैंइसलिए वो हर बात लिखते हैंछोटी-छोटी बातें लिखते हैं


5 comments:

Sudeep Sakalle ( सुदीप महेश साकल्ले ) said...
This comment has been removed by the author.
Sudeep Sakalle ( सुदीप महेश साकल्ले ) said...

ये सब पब्लिसिटी का खेल है भाई ...

akshat vichar said...

Amithabh ne bahut achcha kam kiya.

Udan Tashtari said...

अच्छा लगा पढ़कर..अमिताभ जी के बारे में. सच है यूँ ही कोई महानायक नहीं हो जाता.

Anonymous said...

legta hai aapko koi galat fehmi hui hai unhoney apney barey mai nahi likha koi email forward kiya hai